नई दिल्ली: 13 जून 2020 का दिन ऐतिहासिक होने वाला है। ऐसा इसलिए क्योंकि 423 जेंटलमैन कैडेट इंडियन मिलिट्री अकादमी से भारतीय सेना के अधिकारी बनकर निकलेंगे। लाइन ऑफ एक्चुअल कंट्रोल (LAC) पर 13 जून को देहरादून की भारतीय सैन्य अकादमी में ट्रेनी अधिकारियों की पासिंग आउट परेड हुई। इस पासिंग आउट परेड में जो नए अधिकारी जुड़े उनके परिजन सोशल डिस्टेंसिंग के चलते शामिल नहीं हो पाए।
अभी तक सभी जंग में मनवाया लोहा
ऐसा पहली बार हुआ, जब पासिंग आउट परेड के बाद इन नए अधिकारियों को सीधे-सीधे यूनिट में तैनाती दे दी जाएगी। एक रिपोर्ट के अनुसार, आईएमए के कमांडेंट लेफ्टिनेंट जनरल जेएस नेगी ने कहा कि ट्रेनिंग पाने वाला हर अधिकारी सरहद पर हर तरह परिस्थितियों के लिए तैयार रहता है। अभी तक के किसी भी जंग में यहां से पास आउट अधिकारियों ने अपनी क्षमता का झंडा लहराया है।
423 जेंटलमैन कैडेट्स हुए शामिल
पासिंग आउट परेड में 333 से ज्यादा कैडेट देश की सेना में शामिल हुए। देहरादून स्थित भारतीय सैन्य अकादमी में देश-विदेश के जेंटलमैन कैडेट प्री-मिलिट्री ट्रेनिंग लेते हैं। जनरल नेगी ने कहा कि परेड के दौरान भी सोशल डिस्टेंसिंग के नियमों का पूरा पालन किया गया। इस पासिंग आउट परेड में देश ही नहीं, विदेश से भी जेंटलमैन कैडेट्स ने शिरकत की। इसमें 423 जेंटलमैन कैडेट्स शामिल हुए।
मित्र देशों को अपने देश से मिल चुके इतने सैनिक
इनमें इंडियन नेवी को 333 युवा सैन्य अधिकारी मिले। अफगानिस्तान सहित नौ मित्र देशों को भी 90 सैन्य अधिकारी मिले। बता दें कि इस बार भी अफगानिस्तान को सबसे ज्यादा 48 अफसर मिले। तजाकिस्तान के 18 और भूटान के 13 कैडेट अकादमी से पास आउट हो हुए। भारतीय सैन्य अकादमी से मित्र देशों को मिलने वाले युवा अधिकारियों की संख्या अब 2503 पहुंच गई है।
