बांदा: उत्तर प्रदेश के बांदा जिले स्थित मरका थाना के दुबे पुरवा मऊ में ठंड से बचने को अलाव की चिंगारी से मां समेत तीन बच्चों की जलकर मौत हो गई है. अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक महेन्द्र प्रताप चौहान ने बताया, “जिले के मरका थाना स्थित दुबे पुरवा का रहने वाला कल्लू राजस्थान के जयपुर में मजदूरी करता है. उसकी पत्नी अपने तीन बच्चों के साथ यहां रहती थी. ठंड के कारण आग अलाव में से निकली चिंगारी ने पूरे घर को खाक कर दिया.
स्थानीय लोगों के अनुसार दुबे का पुरवा मजरा निवासी कल्लू के घर में ग्रामीणों ने आग की लपटें निकलते देखीं तो शोर मचाया. आग की भयावहता देखकर कोई पास जाने की हिम्मत नहीं जुटा सका. बाद में दरवाजा तोड़ा गया तो पूरा घर मलबे में तब्दील हो चुका था. हर तरफ केवल जला हुआ मलबा पड़ा था और धुआं उठ रहा था.
तीन मासूम बच्चे जले
ग्रामीणों ने बताया कि अलाव की चिंगारी से कच्चे घर में लगी आग में मां व तीन मासूम बच्चों की जिंदा जलकर मौत हो गई. घर में भूसा भरे होने और लकड़ी की धन्नियां लगी होने से आग ने विकराल रूप ले लिया और किसी को बाहर निकलने तक का मौका नहीं मिला. आग की लपटें देखकर गांव वालों ने शोर मचाया लेकिन अंदर जाने की हिम्मत कोई नहीं जुटा पाया. पुलिस और फायर ब्रिगेड पहुंची और आग बुझाने के बाद मलबे से शवों को खोजकर बाहर निकाला. मौके पर प्रशासन मौजूद है.
बरतें ये सावधानी
एसडीएम ने बताया कि आग लगने की पहली वजह सर्दी से बचाव को रखे गए अलाव की चिंगारी प्रतीत हो रही है. अगर आप भी ठंड से बचने को आग जलाते हैं तो बेहद सावधानी बरतें. आग के आसपास कोई ज्वलनशील पदार्थ न रखें. अगर आग तेज जल रही है तो उसे जलता हुआ न छोड़ें. आग के पास से हटें तो उसे ठंडा कर दें. बंद कमरे में आ जलाकर न सोयें.
