एक साथ उठीं 6 अर्थियां, नजारा देखकर हर आंख हुई नम….

मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले में जब एक साथ 6 अर्थियां उठीं तो हर किसी की आंख छलक आई. मौत के कुछ घंटे पहले ही सफर में जिंदगी का आखिरी जन्मदिन मनाया गया था. राजस्थान के टोंक में तेज रफ्तार ट्रेलर और जीप की भिड़ंत से यह हादसा हुआ था जिसमें 8 लोगों की मौत हो गई थी. राजगढ़ में जीरापुर के दो चचेरे भाई ललित पिता श्याम सोनी और पवन पिता सुंदरलाल सोनी 1 जनवरी को खाटू श्याम की पदयात्रा पर निकले थे. दोनों करीब 25 दिन पैदल चलकर खाटू श्याम पहुंचे थे. उनके खाटू श्याम पहुंच जाने के बाद परिवार के सदस्य, दोनों चचेरे भाइयों को लेने के लिए दो गाड़ियां लेकर राजस्थान पहुंचे थे. 26 जनवरी को दर्शन करने के बाद पूरा परिवार दो गाड़ियों में वापस लौट रहा था. इस दौरान आगे चल रही गाड़ी के साथ हादसा हो गया.

टोंक जिले के एनएच 52 पर मंगलवार देर रात सदर पुलिस थाने के कुछ दूरी पर भीषण सड़क हादसा हुआ था. जयपुर की ओर से आ रही सवारी गाड़ी तूफान को पीछे की ओर से तेज़ गति से आ रहे ट्रेेलर नें टक्कर मारी थी जिसमें मध्य प्रदेश के राजगढ़ जिले के एक ही परिवार के 8 लोगों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गयी थी. ये हादसा रात लगभग 2 बजे हुआ था. मृतकों में 3 पुरूष, 2 महिलायें व 3 बच्चे शामिल हैं जबकि चार लोग गंभीर रूप से घायल हुए थे जिन्हें तुरंत ही प्राथमिक उपचार के बाद जयपुर के लिये रेेफर किया गया था.

तूफान गाड़ी में सवार चालक व एक बालिका सुरक्षित बचे हैं जिनमें से चालक हादसे के बाद मौके से फरार हो गया था. इस घटना के बाद ट्रेलर चालक भी ट्रेलर को मौके पर ही छोड़ फरार हो गया था. टक्कर इतनी ज़बरदस्त थी कि तूफान गाड़ी, ट्रेलर व मज़ार वाली पुलिया के बीच में फंस गई और चालक निकलकर पुलिया की दीवार पर लटक गया. पुलिस ने क्रेन की मदद से दोनों वाहनों को अलग कर आठ शवों, चार घायलों व एक सुरक्षित बची बालिका को बाहर निकाला. घटना में घायलों की हालत नाजुक देखते हुए उन्हें तुरंत जयपुर रवाना कराया गया था.

हादसे में कुल 8 लोगों की मौत हो गई जिनमें जीरापुर के दो सगे भाई रामबाबू (37) और श्याम सोनी (41) शामिल हैं. रामबाबू के इकलौते बेटे नयन (15) और श्याम सोनी के बेटे ललित (24) (पदयात्री) ने भी दम तोड़ दिया. वहीं, ममता (29) और बबली (22) नाम की दो बहनों (रामबाबू और श्याम की चचेरी बहनें) और ममता के बेटे अक्षत (3) वर्ष की मौत हो गई. अक्षिता (6) नाम की एक बच्ची ने भी दम तोड़ दिया, जिसकी मां सरिता घायल है. वहीं, सरिता की 3 साल की दूसरी बच्ची नन्नू को हादसे में खरोंच तक नहीं आई. इन सभी मृतकों में से 6 लोगों का अंतिम संस्कार बुधवार की शाम जीरापुर में हो गया है जबकि ममता और अक्षत का अंतिम संस्कार गुरुवार को मक्सी में होना है.

श्याम खाटू से लौटते समय मरने के कुछ घंटे पहले ही रामबाबू सोनी का जन्मदिन उनके पूरे परिवार ने सफर के दौरान मनाया था. हादसे में मृत रामबाबू सोनी के बेटे नयन ने फूल का गुलदस्ता देकर पिता को बधाई दी थी और कुछ घंटे बाद राजस्थान के टोंक के पास हादसे में दोनों पिता-पुत्र के साथ परिवार के 8 लोगों की मौत हो गई.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *