रायपुर,। छत्तीसगढ़ का अगला मुख्य सचिव तय करने के लिए बुधवार को विभागीय पदोन्नति समिति (डीपीसी) की बैठक प्रस्तावित है। बैठक में राज्य सरकार के आला अफसरों के साथ केंद्र सरकार के प्रतिनिधि के रूप में एक अफसर शामिल होंगे। पदोन्नति योग्य अफसरों के सर्विस रिकार्ड (एसीआर) समेत अन्य मुद्दों पर विचार करने के बाद तीन नामों की सूची सौपेंगी। इसी सूची में से कोई एक नाम फाइनल होगा। राज्य कैडर के 1987 बैच के दो अफसर इस पद के प्रबल दावेदार माने जा रहे हैं। इनमें सीके खेतान और आरपी मंडल शामिल हैं। अफसरों के अनुसार कोई बड़ा उलटफेर नहीं हुआ तो इन्हीं दोनों में से कोई एक सीएस की कुर्सी संभालेगा।
डीपीसी की बैठक में राजस्व मंडल के अध्यक्ष और पूर्व मुख्य सचिव अजय सिंह, केंद्रीय प्रतिनियुक्ति एनएमडीसी और जम्मू- कश्मीर में सेवाएं दे रहे एन. बैजेंद्र कुमार और बीवीआर सुब्रमण्यम के नामों को लेकर फिलहाल सस्पेंश है। विभागीय सूत्रों के अनुसार वैसे तो बैजेंद्र कुमार और सुब्रमण्यम के नामों पर विचार नहीं होगा, फिर भी राज्य सरकार वरिष्ठ अफसरों की कमी का हवाला देकर इन नामों को शामिल कर सकती। राज्य कैडर में अजय सिंह के बाद बैजेंद्र कुमार सबसे वरिष्ठ हैं। वे एनएमडीसी के अध्यक्ष सह एमडी हैं। राज्य सरकार चाहे और केंद्र सहमित दे तो उनकी वापसी हो सकती है।
31 को हो सकता है एलान
मौजूदा मुख्य सचिव सुनील कुजूर भी 31 अक्टूबर को सेवा निवृत्त हो रहे हैं। ऐसे में नए मुख्य सचिव के नाम का एलान भी इसी दिन होने की संभावना है।
मंडल सीएस बने तो खेतान होंगे मंत्रालय से बाहर
राज्य कैडर में 1987 बैच के तीन अफसर हैं। इनमें ग्रेडेशन लिस्ट में सीके खेतान सबसे ऊपर हैं। उनके बाद आरपी मंडल और फिर सुब्रमण्यम का नाम है। अगर मंडल को सीएस बनाया जाता है तो खेतान के लिए मंत्रालय के बाहर मुख्य सचिव स्तर का कोई पद स्वीकृत करना पड़ेगा।
अजय की वापसी मुश्किल
मंत्रालय के गलियारों में अजय सिंह की वापसी के भी चर्चा है। हालांकि सरकार के एक बेहद करीबी सूत्र ने इसकी संभावना से इनकार किया है। अफसर का कहना है कि अगर उन्हें ही सीएस बनाए रखना होता तो सरकार उन्हें हटाती ही क्यों। उल्लेखनीय है कि दिसंबर में सत्ता में आई कांग्रेस सरकार ने जनवरी में अजय सिंह की सीएस के पद से छुट्टी कर दी थी।
