रायपुर। भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता एवं पूर्व विधायक श्रीचंद सुन्दरानी ने शराब के बाद अब रेत के ठेके को लेकर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा है। श्री सुन्दरानी ने कहा कि अधिकांश खदानें ठेकेदारों को सौंपने के बाद रेत ठेकेदारों ने जिस तरह सिंडिकेट बनाकर शासन को चूना लगाने का काम शुरू कर दिया है, उससे इस बात का संदेह होता है कि इसमें ठेकेदारों और प्रदेश सरकार की मिलीभगत है जिसका खामियाजा जरूरतमंदों को अनाप-शनाप बढ़ी कीमतों पर रेत खरीद कर उठाना पड़ रहा है।
भाजपा प्रवक्ता श्री सुन्दरानी ने कहा कि रेत ठेकेदारों ने सरकार की मंशा के विपरीत जाकर सिंडिकेट बनाते हुए सरकार की रॉयल्टी की चोरी शुरू कर दी है। ठेकेदारों ने एक दूसरे के व्यवसाय में नहीं आने की शर्तें तय कर रेत की कीमतें अपने-अपने स्तर पर तय कर ली है। इससे लोगों को अनाप-शनाप बढ़ी कीमतों पर रेत खरीदने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। इधर रेत के ठेकेदारों के वाहनों को कम संख्या में रायल्टी पर्ची देकर राज्य सरकार को शुरुआत में ही आर्थिक तौर पर नुकसान पहुंचाने का काम हो रहा है। श्री सुन्दरानी ने कहा कि वस्तुतः यह राज्य सरकार की अदूरदर्शी नीतियां ही हैं जिसका खामियाजा प्रदेश के रेत उपभोक्ता उठा रहे हैं। इस संदेह से भी इंकार नहीं किया जा सकता कि इसमें प्रशासन और सरकार का संरक्षण ठेकेदारों को प्राप्त है। अपनी जेबें और पार्टी का खजाना भरने के लिए प्रदेश सरकार ऐसे अव्यावहारिक फैसले ले रही है, जिससे प्रदेश का आम आदमी परेशानियों में पड़ता जा रहा है।
भाजपा प्रवक्ता श्री सुन्दरानी ने कहा कि प्रदेश सरकार की नीतियां और अव्यावहारिक फैसलों के चलते प्रदेश का समूचा अर्थतंत्र अनियमितताओं और भ्रष्टाचार के बोझ से चरमरा रहा है लेकिन प्रदेश सरकार इन सबसे बेखबर प्रदेश को आर्थिक दिवालिएपन की ओर धकेलने पर आमादा है। प्रदेश सरकार की जनविरोधी नीतियों और फैसलों के खिलाफ भाजपा जल्दी ही जनजागरण का आंदोलनात्मक कदम उठाएगी।
ठेकेदारों और नेताओं की मिलीभगत से रेत में भयानक भ्रष्टाचार: भाजपा
