Deepika Padukone की नई फ़िल्म Chhappak का ट्रेलर आज जारी हुआ है। 2018 में इसे अनाउंस किया गया था, सालभर से यह बन रही थी। अब जब ट्रेलर आया है तो एक सीन इसमें ऐसा नहीं दिख रहा है, जो प्रभावित कर सके। दीपिका ने इसमें एसिड अटैक सर्वायवर का किरदार निभाया है। मेघना गुलजार ने इसका निर्देशन किया है। मेघना अपनी पिछली फिल्म ‘राजी’ की वजह से इस फिल्म का हिस्सा है और फॉक्स जैसे बैनर का उनको साथ मिला है। बता दें कि ‘राजी’ एक जासूस की कहानी थी, रोमांस उसमें था… अच्छी लिखी पटकथा थी, कहने को कुछ खास नहीं था सो मेघना इसे निभा ले गईं लेकिन ‘छपाक’ में मामला अलग है।

Chhappak में मेघना को एक दर्द बयान करना है, एक जीत की खुशी दिखाना है, एसिड सर्वायवर्स की बात को आम जन तक पहुंचाना है… खूब सारा काम है, जो ट्रेलर में बिल्कुल नजर नहीं आ रहा। इस ट्रेलर को बेहद कमजोर करार दिया जा सकता है।
यह झलक नहीं बता पाती है कि कहानी एसिड अटैक के बाद के जीवन की है, या अटैक करने वालों को सजा दिलवाने की। कहानी में एसिड अटैक सर्वायवर की कुछ जीत दिख रही हैं, जो नौकरी पाने की नजर आ रही है। किसी लड़ाई के बचे होने की बात की जा रही है, ट्रेलर नहीं बता पाता है।
यह ट्रेलर बातें बहुत करता है। ट्रेलर में डायलॉग बहुत हैं। खूबसूरती इसमें थी कि दिखाया ज्यादा जाता, और सुनाया कम। यहां पूरे वक्त एक शोर हावी है, बल्कि ध्यान दें तो शुरुआत ही शोर से हो रही है। डायलॉग भी औसत हैं…. ‘एसिड बिकता नहीं तो फिकता नहीं…’ जैसे लाइनें अगर निर्देशक के पास और थीं तो वो यहां होना थीं, लेकिन मेघना का तरकश पूरा खाली दिख रहा है। सिर्फ मेकअप दिखाकर आप देखने वालों को फिल्म में खींच नहीं सकते।
मेघना इस ट्रेलर में ना रोमांचित करती हैं , ना इमोशनल। यह बड़ी कमजोरी है। ‘मर्दानी’ की दो मिनट की झलक बुरी तरह हिलाकर रख देती है और रानी की इसी हफ्ते रिलीज हो रही फिल्म के लिए बेचैन कर देती है।
‘छपाक’ का ट्रेलर देखकर आप अगले ही पल अपने काम में लग सकते हैं बिना यह खोज किए कि यह फिल्म कब लग रही है। वैसे हम बता देते हैं कि यह फिल्म अगले साल 10 जनवरी को आ रही है।
