रायपुर. निजी स्कूलों ने पालकों से पैसे वसूलने नया पैंतरा ढूंढ निकाला है। कोर्ट ने ट्यूशन फीस के अलावा दूसरे मदों में फीस वसूलने पर रोक लगाई तो निजी स्कूलों द्वारा ट्यूशन फीस ही बढ़ा दी गई है। राजधानी के बड़े स्कूलों से लेकर छोटे स्कूलों में भी इस तरह की शिकायत सामने आ रही है। पालकों को मैसेज भेजकर, फोन कर अथवा अन्य तरीकों से इसके लिए दबाव बनाया जा रहा है। इसके अलावा कई स्कूल ऐसे हैं, जो कोर्ट के आदेश की अवहेलना करते हुए ट्यूशन फीस के साथ ही अन्य राशि भी वसूल रहे हैं। पालकों द्वारा ऐसे स्कूलों की शिकायत जिला शिक्षा कार्यालय में की गई है। अब इन पर कार्रवाई की तैयारी जिला शिक्षा कार्यालय द्वारा की जा रही है। गौरतलब है कि कोर्ट ने निजी स्कूलों द्वारा फीस वसूली पर लगी रोक को हटाते हुए आदेश दिया था कि उनके द्वारा ट्यूशन फीस ली जा सकती है। साथ ही यह स्पष्ट किया गया था कि ट्यूशन फीस के अलावा अन्य किसी भी मद में फीस नहीं ली जाएगी। इसके बाद भी आदेश का पालन नहीं हो रहा है।
स्कूलों की दो टूक- हम पूरी फीस लेंगे होलीक्रॉस स्कूल की तरह ही एक अन्य प्रकरण डगनिया स्थित स्वामी विवेकानंद इंग्लिश माध्यम स्कूल में भी सामने आया है। यहां भी पालकों से ट्यूशन फीस के साथ ही अन्य फीस ली जा रही है। पालकों ने जब इसका विरोध किया तो स्कूल प्रबंधन द्वारा दो टूक कह दिया गया कि उनके द्वारा पूरी फीस ही ली जाएगी। पालकों ने इसकी शिकायत जिला शिक्षा कार्यालय में की है। स्कूल प्रबंधन के खिलाफ अब पालक कोर्ट जाने की तैयारी कर रहे हैं। घंटों होती रही कहा-सुनी शैलेन्द्र नगर स्थित होलीक्रॉस स्कूल में शुक्रवार को पालकों ने जमकर हंगामा किया। पालक ट्यूशन फीस के अलावा अन्य मदों में भी फीस लिए जाने से आक्रोशित थे। लंबे वक्त तक लगे लॉकडाउन के कारण पालक पहले से ही आर्थिक दिक्कतों का सामना कर रहे हैं। कोर्ट के फैसले ने उन्हें राहत दी थी, लेकिन स्कूलों द्वारा इस तरह से फीस वसूले जाने पर पालक भड़क गए। पालकों को जो रसीद दी गई, उसमें ट्यूशन फीस के साथ ही एक्टिविटी फीस, बिल्डिंग मेंटेनेंस फीस, स्पोर्ट्स फीस, मैग्जीन फीस, लाइब्रेरी फीस, एनसीसी फीस, स्मार्ट क्लास फीस जैसे शुल्क शामिल थे। पालकों ने प्रबंधन से बात करने की कोशिश की, लेकिन कार्यालय में किसी के उपस्थित न होने के कारण उन्होंने लिखित में अपनी शिकायत दर्ज की। कार्रवाई करेंगे जिस किसी भी स्कूल के खिलाफ पालकों से शिकायत प्राप्त होती है, उनके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कई स्कूलों द्वारा ट्यूशन फीस बढ़ाने तथा दूसरी राशि भी लिए जाने की जानकारी सामने आई है।
