स्कूल फीस को लेकर बनेगा नया अधिनियम, पालकों की रहेगी भूमिका

रायपुर. संसदीय सचिव एवं विधायक विकास उपाध्याय ने प्रदेशभर के निजी स्कूलों द्वारा मनमानी फीस वसूली को लेकर स्कूली शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव डाॅ. आलोक शुक्ला से मुलाकात कर जानकारी ली। श्री शुक्ला ने बताया कि मुख्यमंत्री के निर्देश पर बहुत जल्द फीस को लेकर एक अधिनियम लाया जाएगा। फीस निर्धारण में अब पालकों की भी अहम भूमिका होगी। श्री उपाध्याय ने कहा कि निजी स्कूलों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों के माता-पिता आये-दिन मुलाकात कर इस बात की शिकायत करते हैं कि निजी स्कूलों द्वारा फीस को लेकर हाईकोर्ट के निर्णय के बाद भी मनमानी की जा रही है। यहां तक कि जो ट्यूशन फीस निर्धारित थी, उसे 2 से 3 गुना बढ़ोतरी कर पालकों से वसूला जा रहा है। स्कूलों को लेकर अभी तक कोई वैधानिक प्रावधान नहीं होने की वजह से वे इसका फायदा उठाते रहे। शिक्षा विभाग के प्रमुख सचिव आलोक शुक्ला से चर्चा के बाद उन्होंने बताया कि निजी स्कूलों की फीस निर्धारण की प्रक्रिया में अब पालकों की भी अहम भूमिका होगी, जिसे सरकार द्वारा बहुत जल्द लाए जा रहे विधेयक में अहम हिस्सेदारी के रूप में जोड़ा जा रहा है। उल्लंघन पर दंड का प्रावधान इस अधिनियम का पालन करने में यदि विद्यालय प्रबंधन उल्लंघन करेगा, तो प्रथम उल्लंघन पर 50 हजार रुपए का जुर्माना देना होगा। इसके बाद प्रत्येक उल्लंघन पर अधिकतम 1 लाख रुपये तक जुर्माने का प्रावधान किया जा रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *