ड्रेसअप (Dress up) होने की बात करें तो अंडरवियर (Underwear) पहनना एक साधारण सी बात लगती है. लेकिन कम ही लोग जानते हैं कि यह कपड़ा रोज न बदला जाए या गंदा पहना जाए तो यह कई तरह की परेशानियों का सबब भी बन सकता है. अक्सर आलस और ठंड में कई लोग नहाने से कतराते हैं और जब नहाते नहीं तो अंडरवियर बदलनने से भी परहेज करते हैं. इस तरह के लोगों को सर्तक होने की जरूरत है, क्योंकि इससे हमें कई तरह की सेहत संबंधी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. इस तरह की कुछ दिक्कतों के बारे में यहां हम आपको बताने जा रहे हैं.
यूरिन इंफेक्शन होनाः
प्रकाशित एक अध्ययन में पाया गया कि कुछ बैक्टीरिया कपड़े धोने के बाद भी आपके अंडरवियर पर रह सकते हैं – इसलिए आप समझ सकते हैं कि अंडरवियर न बदलने से कितने बैक्टीरिया वहां अपना घर बनाते होंगे. यह बैक्टीरिया यूरिनरी ट्रैक्ट(urinary tract) में चला जाएं तो यूरिन इंफेक्शन(UTI) का कारण बनता है. इस तरह अनजाने में ही आप खुद की सेहत को नुकसान पहुंचाते हैं.
वजाइना से बदबू आनाः
अंडरवियर में दिन भर डिस्चार्ज होने से नमी पैदा होती है. इससे बैक्टीरिया (Bacteria), यीस्ट (Yeast)और फंगस (Fungus) को पनपने के लिए अच्छी जगह मिल जाती है. इससे वजाइना (Vagina) में इंनफेक्शन (Infection) होने का खतरा तो रहता ही है, वजाइना से बदबू आती है सो अलग. इससे आप गंभीर बीमारी की शिकार भी हो सकती हैं.
प्राइवेट पार्ट में फोड़े-फुंसी रैशेज होनाः
अंडरवियर रोज न बदलने से आपके प्राइवेट पार्ट में फोड़े- फुंसियां भी निकल सकती हैं. लंबे समय तक पसीने, नमी, गंदगी की वजह से यह होता है. यदि आप इनसे बचना चाहती हैं तो अपने चेहरे की तरह ही अपने इस बेहद इंटीमेट(Intimate) पार्ट को साफ रखिए.
यीस्ट इंफेक्शन होनाः
नमी में यीस्ट को बढ़ने की मुफीद जगह मिल जाती है. खासकर एक्सरसाइज जैसे कामों के बाद जब आप अंडरवियर को नहीं बदलते हैं तो यह आपको यीस्ट इंफेक्शन(yeast infection) मरीज बना सकता है. आपके इंटिमेट हिस्से और उसके आसपास जलन और खुजली पैदा करता है.यह सिर्फ महिलाओं को नहीं है,पुरुषों को भी हो सकता है.
रैशेज होनाः
रैशेज(rashes) वास्तव में दर्दनाक और परेशानी देने वाले होते हैं. इनसे बचने के लिए अंडरवियर रोज बदलें. ऐसा न करने से अतिरिक्त नमी के कारण आपके प्राईवेट पार्ट और उसके आसपास रैशेज हो सकते हैं.(Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियां और सूचनाएं सामान्य जानकारियों पर आधारित हैं. Hindi news18 इनकी पुष्टि नहीं करता है. इन पर अमल करने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से संपर्क करें.)
